रामनवमी के अवसर पर आज उज्जैन स्थित महाकाल मंदिर में भगवान का विशेष राम स्वरूप श्रृंगार किया गया। भस्म आरती में हजारों भक्तों ने किए दर्शन।

उज्जैन। रामनवमी के पावन अवसर पर उज्जैन स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में भगवान महाकाल का विशेष दिव्य श्रृंगार किया गया। शुक्रवार तड़के हुई भस्म आरती के दौरान भगवान को भगवान श्रीराम के स्वरूप में सजाया गया। रामनवमी के कारण मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। भस्म आरती के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भगवान के इस विशेष स्वरूप के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।

भस्म आरती में विशेष अनुष्ठान
सुबह की आरती से पहले मंदिर के सभा मंडप में विधिवत स्वस्ति वाचन किया गया। इसके बाद पारंपरिक रीति से घंटी बजाकर चांदी का द्वार खोला गया और गर्भगृह के पट खोले गए। इसके साथ ही पूजा-अर्चना की प्रक्रिया प्रारंभ हुई। पुजारियों ने पहले भगवान का पूर्व श्रृंगार हटाया और पवित्र जल से अभिषेक किया। इसके बाद पंचामृत से भगवान का पूजन किया गया।

राम स्वरूप में सजाए गए बाबा
इस खास अवसर पर भगवान महाकाल को वैष्णव तिलक लगाया गया और उन्हें रजत (चांदी) का मुकुट, त्रिशूल और अन्य आभूषणों से अलंकृत किया गया। इसके साथ ही मुण्डमाल, रुद्राक्ष की माला और फूलों की मालाएं भी अर्पित की गईं। श्रृंगार के बाद भगवान का स्वरूप श्रीराम जैसा प्रतीत हो रहा था, जिसने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया।

नंदी जी का भी किया गया पूजन
नंदी हाल में नंदी महाराज का भी विधिवत स्नान और पूजन किया गया। इसके बाद पूरे वैदिक विधानों के साथ भगवान महाकाल का अभिषेक किया गया। पूजा के दौरान भांग, चंदन और सूखे मेवे भी भगवान को अर्पित किए गए। महा निर्वाणी अखाड़े की ओर से भगवान को भस्म अर्पित की गई। धार्मिक मान्यता है कि भस्म अर्पण के बाद महाकाल अपने साकार रूप में भक्तों को दर्शन देते हैं।