राजा शर्मा- डोंगरगढ़। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले के धर्म नगरी डोंगरगढ़ में स्थित विश्व प्रसिद्ध मां बमलेश्वरी मंदिर रोपवे में बीते दिन हुए हादसे में अब नया मोड़ आता दिखाई दे रहा है। हादसे के बाद जहां देर शाम मां बम्लेश्वरी ट्रस्ट समिति ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दोषी दामोदर इंफ्रा कम्पनी को बताया है तो दामोदर इंफ्रा कम्पनी के सुपरवाइजर विद्युत विभाग पर सारा ठीकरा फोड़ते नजर आ रहे हैं।
अब विद्युत विभाग के अधिकारी एन के साहू, कार्यपालन अभियंता छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल मर्यादित संभाग डोंगरगढ़ ने पूरे मामले में तत्परता दिखाते हुए सारे तथ्यों को बेबुनियाद बताया है। उन्होंने इस पूरे मामले में डोंगरगढ़ पुलिस थाने में उनकी ओर से भी शिकायत दर्ज कराई है। सारे घटना क्रम को देखते हुए शनिवार को जिला कलेक्टर ने रोपवे हादसे को लेकर जिला स्तरीय जांच समिति का गठन किया है। गठित समिति 7 दिन के भीतर घटनास्थल का निरीक्षण कर तकनीकी पहलुओं पर जांच पूरी कर विस्तृत जांच रिपोर्ट प्रतिवेदन प्रस्तुत करेगी।
डोंगरगढ़। रोपवे संचालन की जांच करने पहुंची पुलिस की टीम. @RajnandgaonDist #Chhattisgarh #DongargarhAccident pic.twitter.com/kEOf1Blqsv
— Haribhoomi (@Haribhoomi95271) April 26, 2025
आपस में बहस कर रहे विद्युत विभाग और रोपवे संचालन कंपनी के साइट इंचार्ज
बहर हाल रोपवे ट्रॉली के हादसाग्रस्त होने के बाद से ही लगातार जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्यवाही की बात कही जा रही है। बावजूद इसके जांच शुरू होने से पहले ही मानो पूरा मामला विद्युत फ्लक्चुएशन पर आ कर अटक गया हो और इस मामले को लेकर विद्युत विभाग और रोपवे संचालन कंपनी के साइट इंचार्ज के बीच अपने आप को सही साबित करने की होड़ सी मच गई है।









