ईरान के साथ जारी तनाव और सैन्य हमलों के बीच अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump ने बड़ा बयान दिया है। ट्रंप ने कहा कि ईरान के खिलाफ चलाया जा रहा अमेरिकी सैन्य अभियान उम्मीद से कहीं बेहतर प्रदर्शन कर रहा है। उन्होंने मजाकिया अंदाज में इस अभियान को 10 में से 15 नंबर देते हुए कहा कि युद्ध के मोर्चे पर अमेरिका की स्थिति काफी मजबूत है और आगे भी यह अभियान इसी तरह जारी रहेगा।
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और Israel मिलकर ईरान के खिलाफ अपने ऑपरेशन को आगे बढ़ा रहे हैं। उनका दावा है कि लगातार हमलों के कारण Iran का नेतृत्व तेजी से कमजोर होता जा रहा है। उन्होंने कहा कि ईरान में जो भी नया नेता सामने आने की कोशिश करता है, वह ज्यादा समय तक टिक नहीं पाता। ट्रंप के मुताबिक मौजूदा हालात में अमेरिका सैन्य और रणनीतिक रूप से काफी मजबूत स्थिति में है।
ट्रंप ने यह भी दावा किया कि ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल भंडार और लॉन्चरों को तेजी से नष्ट किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इन हमलों का मुख्य उद्देश्य ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना है। ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा कि जब “पागल लोगों के पास परमाणु हथियार होते हैं, तो दुनिया के लिए खतरनाक हालात पैदा हो जाते हैं।”
इस दौरान ट्रंप ने पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति Barack Obama के कार्यकाल में हुए परमाणु समझौते पर भी निशाना साधा। उन्होंने उस समझौते को अब तक का सबसे खराब समझौता बताते हुए कहा कि इससे ईरान को परमाणु हथियार की दिशा में बढ़ने का रास्ता मिल गया था। ट्रंप के अनुसार अगर उस समझौते को खत्म नहीं किया जाता, तो हालात और ज्यादा खतरनाक हो सकते थे।
ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका के पास दुनिया की सबसे शक्तिशाली सेना है और वह हर चुनौती का सामना करने के लिए तैयार है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले कई दशकों से ईरान अमेरिकी हितों और नागरिकों के लिए खतरा बना हुआ है। ऐसे में अमेरिका अपने सहयोगियों के साथ मिलकर इस खतरे को खत्म करने के लिए कार्रवाई जारी रखेगा।










