सतना। सतना जिले की रघुराज नगर तहसील कार्यालय में मंगलवार को एक वकील और तहसीलदार के बीच तीखी बहस ने बड़ा रूप ले लिया। विवाद उस समय शुरू हुआ जब अधिवक्ता हरीश द्विवेदी एक प्रकरण में याचिका दाखिल करने तहसील कार्यालय पहुंचे। मामला कौशल प्रसाद बनाम राजकुमार एवं अन्य से जुड़ा बताया जा रहा है। वकील का आरोप है कि तहसीलदार सौरभ मिश्रा ने को-अकाउंट होल्डर का हवाला देते हुए प्रकरण में स्थगन देने से इनकार कर दिया।
स्थगन देने से इनकार करने पर अधिवक्ता ने आपत्ति जताई, जिसके बाद दोनों के बीच बहस शुरू हो गई। स्थिति तब और गंभीर हो गई जब बातचीत के दौरान तहसीलदार ने वकील के अनुभव पर सवाल उठा दिया। इससे माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया। तहसील कार्यालय परिसर में बढ़ते विवाद को देखते हुए कर्मचारियों ने एहतियातन पुलिस को सूचना दी और कार्यालय के मुख्य द्वार बंद कर दिए गए।
पुलिस के पहुंचने तक वहां अफरा-तफरी जैसी स्थिति बन गई। हालांकि पुलिस की मौजूदगी में भी दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच नारेबाजी और विरोध जारी रहा। इस घटना के बाद बड़ी संख्या में अधिवक्ता हरीश द्विवेदी के समर्थन में सामने आ गए। वे शहर कोतवाली पहुंचे और धरने पर बैठ गए। दूसरी ओर, राजस्व विभाग के लिपिकीय कर्मचारियों ने भी तहसीलदार के समर्थन में कोतवाली के बाहर प्रदर्शन किया।
दोनों पक्षों के आमने-सामने आने से स्थिति और अधिक संवेदनशील हो गई। बाद में वरिष्ठ अधिकारियों ने हस्तक्षेप करके मामला शांत कराया। एसडीएम राहुल सिलाडिया और नगर पुलिस अधीक्षक देवेंद्र सिंह चौहान ने दोनों पक्षों के बीच सुलह कराई। इस दौरान अधिकारियों ने दोनों को भविष्य में ऐसी स्थिति से बचने की सलाह दी और संयम बरतने का आग्रह किया।









