अयोध्या: वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह रामनवमी के पावन अवसर पर रामनगरी अयोध्या पहुँचे, जहाँ उन्होंने राम जन्मभूमि में विराजमान रामलला के दर्शन-पूजन किए। अयोध्या पहुँचने पर स्थानीय कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
रामलला के दर्शन के बाद उन्होंने हनुमानगढ़ी मंदिर में भी माथा टेका और देशवासियों की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने रामनवमी के दिन अयोध्या आने को अपना सौभाग्य बताया और कहा कि भगवान राम के प्रति उनकी अगाध श्रद्धा है।
#WATCH अयोध्या, उत्तर प्रदेश: कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा, "जब प्रभु का बुलावा आता है तो हर व्यक्ति आ जाता है इसलिए जब मुझे बुलावा आया, तो मैं उपस्थित हो गया। प्रभु के दर्शन करके अच्छा लगा...कांग्रेस में हर व्यक्ति अपनी आस्था अनुसार धर्म का पालन करता है। हम धर्म का… https://t.co/nxJ1fGGJDt pic.twitter.com/FbkTuIWHkE
— ANI_HindiNews (@AHindinews) March 26, 2026
Ayodhya, Uttar Pradesh: Congress leader Digvijay Singh says, "Ask him (Rahul Gandhi) about it, he has no objection to it..." pic.twitter.com/zNdawpKIB7
— IANS (@ians_india) March 26, 2026
मंदिर विरोध के आरोपों को किया खारिज और दिया दान
दिग्विजय सिंह ने इस दौरान उन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया जिनमें कांग्रेस या उन्हें राम मंदिर विरोधी बताया जाता रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे हमेशा से भगवान राम के भक्त रहे हैं और मंदिर निर्माण का उन्होंने कभी विरोध नहीं किया।
अपनी इसी आस्था को प्रकट करते हुए उन्होंने राम मंदिर निर्माण के सहयोग स्वरूप 1,11,000 रुपये की राशि दान में दी। उन्होंने कहा कि राम मंदिर पूरे देश की आस्था का केंद्र है और इसमें राजनीति नहीं खोजी जानी चाहिए।
अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर टिप्पणी से किया इनकार
महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट पर जब मीडिया ने उनसे वर्तमान अंतरराष्ट्रीय हालातों, जैसे अमेरिका-ईरान तनाव और बढ़ते पेट्रोल-डीजल के दामों पर सवाल पूछा, तो उन्होंने किसी भी तरह की टिप्पणी करने से मना कर दिया।
उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वे इस समय एक धार्मिक यात्रा पर हैं और पूरी तरह से भक्ति भाव में डूबे हुए हैं। उनके अनुसार, आज के दिन वे केवल धार्मिक चर्चा करना चाहते हैं और राजनीति या वैश्विक कूटनीति पर बात करने का यह सही समय और स्थान नहीं है।
आज केवल धर्म, राजनीति की बात नहीं
पूरी यात्रा के दौरान दिग्विजय सिंह ने राजनीति से दूरी बनाए रखी। उन्होंने बार-बार इस बात पर जोर दिया कि उनकी यह यात्रा पूरी तरह से निजी और धार्मिक है।
कार्यकर्ताओं से मुलाकात के दौरान भी उन्होंने चुनाव या राजनीतिक समीकरणों के बजाय रामनवमी के महत्व और अयोध्या की पवित्रता पर ही चर्चा की। उन्होंने कहा कि आज के दिन वे राजनीति की कोई बात नहीं करेंगे और केवल रामलला के दर्शन का आनंद लेंगे।










