भोपाल/आलीराजपुर। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को आलीराजपुर जिले के व्यापक विकास के लिए 171 करोड़ रुपये से अधिक लागत के 49 विकास कार्यों की सौगात दी। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने रिमोट के माध्यम से लगभग 79.92 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 14 परियोजनाओं का लोकार्पण किया, जबकि 119.01 करोड़ रुपये के 35 नए कार्यों का भूमि-पूजन भी संपन्न हुआ। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं से जिले के बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलेगी और ग्रामीण क्षेत्रों में सुविधाओं का विस्तार होगा। साथ ही, विभिन्न सड़कों के निर्माण की घोषणा कर ग्राम संपर्क व्यवस्था को सुदृढ़ करने पर जोर दिया गया।
शहीद चंद्रशेखर आजाद को श्रद्धांजलि
कार्यक्रम में स्व-सहायता समूहों की महिलाओं, बैंक ऋण लाभार्थियों, मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्यम योजना से जुड़े हितग्राहियों को प्रमाणपत्र और आर्थिक सहायता वितरित की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार को बढ़ावा देना और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। मुख्यमंत्री ने शहीद चंद्रशेखर आजाद के बलिदान दिवस पर उनकी जन्मस्थली भाभरा (चंद्रशेखर आजाद नगर) पहुंचकर उन्हें नमन किया। उन्होंने कहा आजाद से जुड़े स्थलों को विकसित कर पर्यटन के रूप में संवारा जाएगा। उनके नगर में उनके नाम से एक भव्य पार्क का निर्माण किया जाएगा।
साल 2026 किसानों को समर्पित वर्ष
मुख्यमंत्री ने बताया कि लगभग 1800 करोड़ रुपये की लागत से नर्मदा सिंचाई परियोजना पर कार्य जारी है, जिससे करीब 170 गांवों को सिंचाई का पानी मिलेगा। उन्होंने कहा कि जनजातीय अंचल के किसानों तक सिंचाई सुविधाएं पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है। डॉ. यादव ने घोषणा की कि वर्ष 2026 को किसानों के नाम समर्पित किया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को लाभकारी बनाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है।
जनजातीय अंचल में शिक्षा-स्वास्थ्य पर जोर
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत पात्र किसानों को सालाना 12 हजार रुपये (6 हजार केंद्र और 6 हजार राज्य) की सहायता सीधे बैंक खातों में दी जा रही है। साथ ही लाड़ली बहना योजना के अंतर्गत महिलाओं को प्रतिमाह आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है। मुख्यमंत्री ने बताया कि जनजातीय विद्यार्थियों के लिए नि:शुल्क कोचिंग योजना शुरू की गई है, ताकि वे पढ़-लिखकर शासकीय सेवाओं में स्थान प्राप्त कर सकें।
समग्र विकास की दिशा में मजबूत कदम
मुख्यमंत्री ने कहा कि आलीराजपुर भील जनजाति की समृद्ध संस्कृति और स्वाभिमान की भूमि है। सरकार का संकल्प है कि विकास योजनाओं के माध्यम से यहां के प्रत्येक नागरिक तक सुविधाएं पहुंचें। इन परियोजनाओं और घोषणाओं के साथ आलीराजपुर जिले में बुनियादी ढांचे, सिंचाई, शिक्षा, स्वरोजगार और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में नए अवसर खुलने की उम्मीद है। गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए नि:शुल्क शव वाहन सुविधा तथा सड़क दुर्घटना पीड़ितों के लिए राहवीर योजना जैसी पहलें भी लागू की गई हैं।









