लीलाधर राठी- सुकमा। सुकमा जिले के विकासखंड कोंटा अंतर्गत ग्राम पंचायत कामाराम में शासकीय राशि के गबन के गंभीर मामले में प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। यह कार्रवाई ग्रामीणों की शिकायत के बाद की गई, जिससे पंचायत स्तर पर पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर प्रशासन की प्रतिबद्धता स्पष्ट हुई है।
जिला पंचायत से प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत कामाराम की आवेदिका श्रीमती उड़के माड़े सहित 19 ग्रामीणों ने पंचायत में वित्तीय अनियमितताओं की शिकायत की थी। शिकायत के आधार पर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कोंटा द्वारा विस्तृत जांच की गई। जांच में यह तथ्य सामने आया कि निलंबित पंचायत सचिव मोहम्मद हाफिज खान द्वारा ग्राम पंचायत कामाराम एवं ग्राम पंचायत सूरपनगुड़ा, जनपद पंचायत कोंटा में पदस्थापना के दौरान कुल 3,23,760 रुपये की शासकीय राशि का गबन किया गया।
जिला पंचायत सीईओ ने दिए FIR के निर्देश
जांच प्रतिवेदन के आधार पर जिला पंचायत सुकमा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने संबंधित के विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। निर्देशानुसार आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता एवं अन्य प्रासंगिक धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विधिवत गिरफ्तारी की गई।
न्यायिक हिरासत में भेजा गया आरोपी
पुलिस ने आरोपी को सक्षम न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। मामले की विवेचना जारी है और प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ग्रामीणों के अधिकारों का हनन करने तथा शासकीय राशि के दुरुपयोग में लिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
ग्रामीणों में कार्रवाई से संतोष, प्रशासन ने दी कड़ी चेतावनी
इस कार्रवाई से क्षेत्र के ग्रामीणों में संतोष का माहौल है। जिला प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि पंचायत स्तर पर वित्तीय अनियमितताओं के मामलों में आगे भी सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।








