उमेश सिंह बशिस्ट- धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में दर्ज एक गंभीर पॉक्सो एक्ट प्रकरण में न्यायालय ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपी को कठोर सजा सुनाई है। थाना सिटी कोतवाली धमतरी में दर्ज इस मामले में आरोपी पंकज कुमार निषाद (25) को दोषी ठहराते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास और 3 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, यह मामला अपराध क्रमांक 491/24 के तहत धारा 137(2), 87, 65(1) बीएनएस एवं पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के अंतर्गत पंजीबद्ध किया गया था। प्रकरण में नाबालिग के साथ दुष्कर्म की घटना सामने आई थी, जिस पर पुलिस ने गंभीरता से जांच करते हुए मजबूत साक्ष्य जुटाए।
ऐसे हुई मामले की विवेचना
न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों, गवाहों के बयान और वैज्ञानिक तरीके से संकलित तथ्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ अपराध सिद्ध हुआ। मामले की विवेचना थाना प्रभारी सिटी कोतवाली निरीक्षक राजेश मरई एवं तत्कालीन विवेचना अधिकारी उपनिरीक्षक महेन्द्र साहू ने बारीकी और पेशेवर दक्षता के साथ की है।
अधिकारी को नगद पुरस्कार देने की घोषणा
धमतरी के पुलिस अधीक्षक ने इस प्रकरण में उत्कृष्ट विवेचना के लिए विवेचना अधिकारी को नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है। इस कार्रवाई को महिला एवं बाल सुरक्षा के प्रति पुलिस की प्रतिबद्धता का उदाहरण माना जा रहा है।
आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई
धमतरी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि, महिला एवं बाल संरक्षण से जुड़े अपराधों में शून्य सहनशीलता की नीति के तहत त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई जारी रहेगी, ताकि दोषियों को सख्त सजा दिलाई जा सके।








