Cyber Fraud: बिहार के गोपालगंज जिले में साइबर अपराधियों ने सत्ताधारी दल के विधायक को अपना निशाना बनाया है। बैकुंठपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक मिथिलेश तिवारी के नाम पर फर्जी फेसबुक आईडी बनाकर ठगों ने एक व्यक्ति से हजारों रुपये ऐंठ लिए। इस घटना के बाद विधायक ने साइबर थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
विधायक के नाम पर फर्जी प्रोफाइल और ठगी
गोपालगंज जिले के बैकुंठपुर से भाजपा विधायक मिथिलेश तिवारी के नाम पर साइबर अपराधियों ने एक फर्जी फेसबुक अकाउंट तैयार किया। ठगों ने इस आईडी का नाम 'मिथिलेश कुमार एमएलए' रखा और विधायक की फोटो का इस्तेमाल किया।
अपराधियों ने इस फर्जी प्रोफाइल के जरिए विधायक के परिचितों और क्षेत्र के लोगों को मैसेज भेजना शुरू किया। इसी झांसे में आकर एक व्यक्ति ने अपराधियों को 25 हजार रुपये भेज दिए, जिसके बाद इस पूरे फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ।
मैसेंजर पर हाय-हेलो से शुरू होता था खेल
साइबर अपराधियों का तरीका बेहद शातिर था। वे सबसे पहले लोगों को फेसबुक मैसेंजर पर 'हाय-हेलो' या 'गुड मॉर्निंग' का मैसेज भेजते थे। जब सामने वाला व्यक्ति विधायक समझकर जवाब देता, तो अपराधी उनका हाल-चाल पूछते और फिर बातों में फंसाकर उनका मोबाइल नंबर मांगते थे। इसके बाद इमरजेंसी या किसी जरूरत का बहाना बनाकर पैसों की डिमांड की जाती थी। विधायक ने बताया कि उनकी छवि खराब करने और लोगों को लूटने के उद्देश्य से यह साजिश रची गई है।
पुलिस और साइबर थाने में दर्ज कराई प्राथमिकी
विधायक मिथिलेश तिवारी ने बताया कि उन्हें इस फर्जी आईडी की जानकारी दिसंबर 2025 के अंत में मिली थी, जिसकी सूचना उन्होंने तुरंत पुलिस अधीक्षक को दी थी। हालांकि, इसी बीच अपराधियों ने एक व्यक्ति से 25 हजार रुपये ठग लिए। अब इस मामले में साइबर थाने में अज्ञात अपराधियों के खिलाफ औपचारिक रूप से प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। विधायक ने पुलिस प्रशासन से अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।
साइबर पुलिस कर रही है अपराधियों की तलाश
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद साइबर थाने की पुलिस सक्रिय हो गई है। पुलिस तकनीकी सर्विलांस और आईपी एड्रेस की मदद से उस फर्जी फेसबुक आईडी को ट्रैक करने की कोशिश कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सोशल मीडिया पर किसी भी रसूखदार व्यक्ति के नाम से पैसे मांगे जाने पर तुरंत सावधानी बरतनी चाहिए और बिना पुष्टि किए किसी भी खाते में पैसे ट्रांसफर नहीं करने चाहिए। पुलिस जल्द ही इस गिरोह के पर्दाफाश का दावा कर रही है।