23 February 2026 Ka Panchang: हिंदू पंचांग के अनुसार, 23 फरवरी 2026, सोमवार का दिन धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आज फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि सुबह 09:09 बजे तक रहेगी, इसके बाद सप्तमी तिथि प्रारंभ होगी। यहां जानें ज्योतिषाचार्य डॉक्टर मनीष गौतम जी महाराज से आज के दिन का पंचांग, सूर्य, चंद्रमा की स्थिति और शुभ-अशुभ समय।
सूर्योदय और सूर्यास्त
- सूर्योदय: सुबह 6:52 बजे
- सूर्यास्त: शाम 6:17 बजे
नक्षत्र और योग
आज भरणी नक्षत्र शाम 4:33 बजे तक प्रभावी रहेगा। इसके बाद कृतिका नक्षत्र प्रारंभ होगा। भरणी नक्षत्र अनुशासन, कर्म और दृढ़ निश्चय का प्रतीक है, जबकि कृत्तिका नक्षत्र अग्नि तत्व से जुड़ा होने के कारण शुद्धि और ऊर्जा का प्रतिनिधित्व करता है। योग की बात करें तो आज ब्रह्म योग सुबह 10:19 बजे तक रहेगा। यह योग ज्ञान, सृजन और नए विचारों की शुरुआत के लिए अनुकूल माना जाता है।
सोमवार का धार्मिक महत्व
सोमवार का दिन देवाधिदेव शिव और चंद्रदेव को समर्पित है। मान्यता है कि इस दिन शिवलिंग पर जल, दूध और बेलपत्र अर्पित करने से कष्ट दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। रुद्राभिषेक, महामृत्युंजय मंत्र का जप और सोमवार व्रत विशेष फलदायी माने गए हैं।
आज के शुभ मुहूर्त
- ब्रह्म मुहूर्त: 5:12 AM – 6:02 AM
- अभिजित मुहूर्त: 12:12 PM – 12:57 PM
- विजय मुहूर्त: 2:29 PM – 3:14 PM
- गोधूलि मुहूर्त: 6:14 PM – 6:40 PM
- अमृत काल: 12:01 PM – 1:32 PM
- रवि योग: 6:52 AM – 4:33 PM
अशुभ समय
- राहुकाल: 8:18 AM – 9:44 AM
- यमगण्ड: 11:09 AM – 12:35 PM
- गुलिक काल: 2:00 PM – 3:26 PM
आज क्या करें?
- प्रातः स्नान के बाद शिवलिंग पर जल और दूध अर्पित करें।
- बेलपत्र, धतूरा और सफेद पुष्प अर्पित करना शुभ रहेगा।
- “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जप कम से कम 108 बार करें।
- शाम को निकटतम शिव मंदिर में दीपक जलाकर आरती करें।
- चंद्रमा की शांति के लिए सफेद वस्त्र या चावल का दान कर सकते हैं।
23 फरवरी 2026 का सोमवार आध्यात्मिक साधना, व्रत और संयम के लिए अनुकूल है। भरणी और कृत्तिका नक्षत्र का संयोग कर्म और शुद्धि का संदेश देता है। यदि आप आज के शुभ मुहूर्त में सकारात्मक कार्य आरंभ करते हैं और अशुभ समय से बचते हैं, तो दिन सफल और मंगलकारी सिद्ध हो सकता है।







