अयोध्या में 22 जनवरी को आयोजित राम मंदिर उद्घाटन समारोह के लिए मध्य प्रदेश कर्मचारियों ने सार्वजनिक अवकाश की मांग की है। CM मोहन यादव और CS को पत्र लिख कर कहा, मंदिर आस्था का मुद्दा है।

भोपाल। श्रीराम जन्मभूमि अयोध्या के नवनिर्मित राम मंदिर में रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा 22 जनवरी होनी है। इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में शामिल होने देशभर से लाखों रामभक्त अयोध्या पहुंचने को तैयार हैं। मध्य प्रदेश के कर्मचारी संगठनों ने मुख्यमंत्री मोहन यादव और मुख्य सचिव वीरा राणा को पत्र लिखकर प्राण-प्रतिष्ठा के दिन सार्वजनिक अवकाश घोषित किए जाने की मांग की है।

शासकीय शिक्षक संगठन की प्रदेश इकाई द्वारा सीएम मोहन यादव को लिखा गया पत्र

मप्र शासकीय शिक्षक संगठन के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष उपेंद्र कौशल और प्रांताध्यक्ष राकेश दुबे का कहना है, हिंदू धर्म के लिए अयोध्या में राममंदिर का निर्माण और उसका उद्घाटन आस्था से जुड़ा विषय है। इस अलौकिक समारोह में शामिल होकर हर कोई ऐतिहासिक क्षण का गवाह बनना चाहता है। राज्य सरकार सार्वजनिक अवकाश घोषित कर दे तो कर्मचारी भी परिवार के साथ 22 जनवरी को रामलला के प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में शामिल हो सकेंगे। 

ताकि, राम के आदर्शाें का अनुसरण कर सकें बच्चे 
शासकीय शिक्षक संगठन के सतना जिलाध्यक्ष अतुल सिंह ने कहा, कर्मचारियों को अवकाश तो भरपूर मिलते हैं। अवकाश की बात नहीं है, इस ऐतिहासिक दिन का महत्व है। युवा पीढ़ी को मर्यादा पुरुषोत्तम राम के त्याग-तपस्या और सिद्धांतों से रूबरू कराना जरूरी है। शिक्षक इसका महम्व समझेंगे तो निश्चित ही बच्चों को भी भारतीय संस्कृति और संस्कारों से जोड़ पाएंगे। शासन स्तर से इसके लिए सकारात्मक प्रयास किए जाने चाहिए।